All India tv news। इस समय की एक बहुत ही दर्दनाक और बड़ी खबर उत्तराखंड के हल्द्वानी से आ रही है. हल्द्वानी के रामपुर रोड स्थित जीतपुर नेगी क्षेत्र में स्थित अमेजन डिलीवरी स्टोर में शुक्रवार देर रात भीषण आग लग गई। इस दिल दहला देने वाले हादसे में स्टोर के अंदर सो रहे दो कर्मचारियों की जिंदा जलकर और दम घुटने
बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त स्टोर का शटर बाहर से बंद था, जिसकी वजह से दोनों कर्मचारी अंदर ही फंस गए और उन्हें बाहर निकलने का मौका नहीं मिल सका।
यह दर्दनाक हादसा शुक्रवार रात करीब 11:30 बजे का है। रामपुर रोड पर बने अमेजन डिलीवरी स्टोर से अचानक आग की लपटें और धुएं का गुबार उठने लगा। पास में ही मौजूद ब्लिंकिट स्टोर के कर्मचारियों ने जब यह मंजर देखा, तो तुरंत इसकी सूचना पुलिस और दमकल विभाग को दी।
सूचना मिलते ही एसपी सिटी मनोज कत्याल भारी पुलिस बल और दमकल की गाड़ियों के साथ मौके पर पहुंचे। चूंकि स्टोर का शटर बाहर से बंद था, इसलिए रेस्क्यू टीम को अंदर दाखिल होने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। आखिरकार कटर की मदद से शटर को काटा गया और दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पाया।
लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। स्टोर के अंदर सो रहे दो कर्मचारी—35 वर्षीय नरेंद्र (निवासी गौलापार) और 25 वर्षीय अमित (निवासी पंचायत घर, हल्द्वानी)—की इस हादसे में मौत हो गई। आग इतनी भयानक थी कि स्टोर में रखा करोड़ों का सामान, एक स्कूटी और एक टेम्पो भी जलकर पूरी तरह खाक हो गए।
हल्द्वानी के एसपी सिटी मनोज कत्याल के मुताबिक:-
"सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंची थीं। शटर काटकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया, लेकिन दुर्भाग्यवश अंदर फंसे दो कर्मचारियों की मौत हो गई। शवों को पोस्टमार्टम के लिए सुशीला तिवारी अस्पताल भेज दिया गया है। आग लगने के कारणों की सटीक जांच की जा रही है। "
इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और बंद शटर के भीतर कर्मचारियों के सोने की प्रथा पर कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब इस बात की तफ्तीश कर रही है कि आग शॉर्ट सर्किट से लगी या इसके पीछे कोई और वजह थी।

