All India tv news। सल्ट: उत्तराखंड के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर लोगों का गुस्सा शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। न्याय प्रक्रिया में कथित देरी और ढीली कार्रवाई के विरोध में आज अल्मोड़ा जिले के सल्ट में स्थानीय जनता और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने एक विशाल 'आक्रोश रैली' का आयोजन किया।
सैकड़ों की संख्या में सड़कों पर उतरे लोगों ने उत्तराखंड सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वीआईपी के नाम उजागर न होना और फास्ट ट्रैक कोर्ट में मामले की सुनवाई जल्द पूरी न होना दिखाता है कि प्रशासन इस मामले को लेकर गंभीर नहीं है।
रैली में शामिल महिलाओं ने विशेष रूप से आक्रोश व्यक्त किया। उनका कहना था कि जब तक अंकिता के सभी हत्यारों को फांसी की सजा नहीं मिल जाती, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने राज्य सरकार से पीड़ित परिवार को त्वरित और पूर्ण न्याय सुनिश्चित करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों द्वारा उपजिलाधिकारी सल्ट को ज्ञापन देते हुए जल्द न्याय की मांग की। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही मामले में ठोस कार्रवाई और दोषियों को सजा नहीं मिली, तो यह आंदोलन पूरे उत्तराखंड में और उग्र रूप ले लेगा।
इस अवसर पर पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करन मेहरा, कंचन रावत ब्लॉक प्रमुख सल्ट, विक्रम रावत पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष, सोबन सिंह बोरा जिला पंचायत, मुन्नी आर्या पूर्व प्रमुख, देवकी देवी पूर्व जिला पंचायत, दीप चंद्र खुल्बे अध्यक्ष मछोड, सुन्दर सिंह नेगी, शिवेंद्र सिंह रावत, मुन्नी देवी ग्राम प्रधान ख़ुमाड, पुष्पा रावत ग्राम प्रधान तराड, कुबेर सिंह कठायत पूर्व अध्यक्ष स्यालदे, मदन सिंह पूर्व वरिष्ठ कांग्रेसी, जितेंद्र खैरिया, प्रहलाद सिंह, भगत रावत, गोपाल रावत, मोहन सिंह, मोहन राम व स्थानीय लोग शामिल रहे।








