All India tv news। उत्तराखंड के पौड़ी जनपद में मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ते संघर्ष की घटनाओं को देखते हुए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। वन्यजीवों की निरंतर सक्रियता के मद्देनजर, जिला प्रशासन ने लोकहित और छात्रहित में जिले के आठ विकास खंडों के कुल 20 संवेदनशील विद्यालयों में छात्रों की सुरक्षा के लिए एस्कॉर्ट (सुरक्षाकर्मी) तैनात करने के आदेश जारी किए हैं।
मुख्य शिक्षा अधिकारी पौड़ी द्वारा खिर्सू, कल्जीखाल, पौड़ी, कोट, बीरोंखाल, जयहरीखाल, द्वारीखाल और पोखड़ा विकास खंडों के अंतर्गत आने वाले इन चिह्नित संवेदनशील क्षेत्रों में संचालित स्कूलों के लिए सुरक्षा की मांग की गई थी।
आदेश में कहा गया है कि इन विद्यालयों में अध्यनरत विद्यार्थियों को पठन-पाठन कार्य हेतु घर से विद्यालय तक लाने और विद्यालय से घर तक सुरक्षित ले जाने के लिए कार्मिकों की तैनाती की गई है। इस पहल का उद्देश्य छात्रों और शिक्षकों को वन्यजीवों के संभावित हमलों से बचाना और उन्हें सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण प्रदान करना है।
वन विभाग द्वारा इन क्षेत्रों को मानव-वन्यजीव संघर्ष के दृष्टिगत संवेदनशील क्षेत्रों के रूप में चिह्नांकित किया गया है। यह निर्णय वर्तमान में वन्यजीवों की बढ़ती सक्रियता और सुरक्षा की तत्काल आवश्यकता को रेखांकित करता है।
संवेदनशील विद्यालयों की तालिका:-
यह कदम पौड़ी जिले में लंबे समय से चली आ रही मानव-वन्यजीव संघर्ष की समस्या के समाधान की दिशा में एक प्रशासनिक पहल है, जिसका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा को बिना किसी डर के जारी रखना सुनिश्चित करना है।



