All India tv news। लोहाघाट (चंपावत): उत्तराखंड के पहाड़ों में गुलदार का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है, लेकिन चंपावत जिले से साहस की एक ऐसी मिसाल सामने आई है जिसे सुनकर हर कोई दंग है। यहाँ एक महिला ने अपनी जान की परवाह किए बिना, मौत के जबड़े से अपनी सहेली को खींच लिया।
क्या है पूरा मामला?
घटना लोहाघाट विकास खंड के धौनी सिलिंग गांव की है। 28 वर्षीय गीता देवी अपनी सहेली सीता देवी के साथ जंगल में मवेशियों के लिए चारा लेने निकली थीं। घर से महज 200 मीटर की दूरी पर घात लगाकर बैठे गुलदार ने अचानक गीता देवी पर हमला कर दिया।
साहस की मिसाल: सीता देवी की बहादुरी
गुलदार को हमला करते देख सीता देवी घबराई नहीं। उन्होंने तुरंत शोर मचाना शुरू किया और पास पड़े पत्थरों को उठाकर गुलदार पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। सीता के इस अदम्य साहस और जवाबी हमले से गुलदार घबरा गया और गीता को छोड़कर जंगल की ओर भागने पर मजबूर हो गया।
इलाके में सुरक्षा की मांग :-
इस हमले में गीता देवी घायल हुई हैं, जिनका उचित उपचार किया जा रहा है। सीता की त्वरित सूझबूझ और बहादुरी की वजह से एक बड़ी अनहोनी टल गई। हालांकि, इस घटना के बाद से स्थानीय ग्रामीणों में भय का माहौल व्याप्त है। ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और वन्यजीवों के हमलों से सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है।

