All India tv news । नई दिल्ली: भीषण गर्मी के बीच उत्तर और पूर्वी भारत के कई राज्यों में मौसम का मिजाज बदलने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने एक ताजा बुलेटिन जारी कर अगले 5 दिनों (11 मई से 15 मई) के लिए भारी बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है।
इन राज्यों में जमकर बरसेंगे बादल:-
- उत्तर भारत: पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 11 से 14 मई के बीच गरज-चमक के साथ तेज हवाएं और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। दिल्ली-एनसीआर के लिए 11 और 12 मई को येलो अलर्ट जारी किया गया है।
- पहाड़ी क्षेत्र: उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में 12 और 13 मई को ओलावृष्टि और भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी 11-12 मई को ओलावृष्टि की आशंका है।
- पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत: असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड में 15 मई तक लगातार बारिश और बिजली गिरने का खतरा है। विशेष रूप से असम और मेघालय में 14-15 मई को 'अत्यधिक भारी बारिश' का अलर्ट है।
- दक्षिण भारत: केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कर्नाटक में अगले सात दिनों तक गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश का दौर जारी रहेगा।
तेज हवाओं की चेतावनी:-
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में हवा की गति 50 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण के कारण समुद्री इलाकों में मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में हवा की गति 50 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण के कारण समुद्री इलाकों में मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
गर्मी का कहर भी रहेगा जारी:-
जहाँ एक तरफ बारिश राहत लाएगी, वहीं राजस्थान और गुजरात के कुछ हिस्सों में भीषण लू का प्रकोप 14 मई तक बना रहेगा, जहाँ तापमान 45°C के पार जा सकता है।
जहाँ एक तरफ बारिश राहत लाएगी, वहीं राजस्थान और गुजरात के कुछ हिस्सों में भीषण लू का प्रकोप 14 मई तक बना रहेगा, जहाँ तापमान 45°C के पार जा सकता है।
विशेष सावधानी:-
IMD ने किसानों को अपनी तैयार फसल को सुरक्षित स्थानों पर रखने और आम जनता को आंधी के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी है।
IMD ने किसानों को अपनी तैयार फसल को सुरक्षित स्थानों पर रखने और आम जनता को आंधी के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी है।

