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राम भक्त हनुमान जी के जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ व भंडारा का आयोजन किया जाएगा।

राम भक्त हनुमान जी के जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ व भंडारा का आयोजन किया जाएगा।
श्री शांताकारम् हनुमत मंदिर, बसोली पट्ठर,सल्ट, उत्तराखंड। 9050463700

श्री राम भक्त श्री हनुमान जी के जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ व भंडारा।

श्री राम भक्त श्री हनुमान जी के जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ व भंडारा।
श्री शांताकारम् हनुमत मंदिर, बसोली पट्ठर,सल्ट, उत्तराखंड। 9050463700

नैनीताल में ईंधन का 'कड़ा पहरा': बाइक को 200 और कार को ₹500 का ही मिलेगा पेट्रोल!

 



All India tv news। उत्तराखंड की सरोवर नगरी नैनीताल से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। अगर आप नैनीताल घूमने की योजना बना रहे हैं या वहां के निवासी हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। शहर के प्रमुख पेट्रोल पंपों पर अब ईंधन की लिमिट तय कर दी गई है। आखिर क्या है इसके पीछे की वजह? देखिए हमारी इस विशेष रिपोर्ट में।
पहाड़ों की रानी नैनीताल में इन दिनों पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ रही है, लेकिन इसी बीच शहर में पेट्रोल और डीजल का संकट गहरा गया है। नैनीताल के सूखाताल स्थित मुख्य पेट्रोल पंप पर प्रशासन और संचालकों ने ईंधन वितरण की सीमा निर्धारित कर दी है।
 नई राशनिंग व्यवस्था:-
  • दोपहिया वाहन (Bikes): अधिकतम ₹200 का पेट्रोल।
  • चौपहिया वाहन (Cars/Taxis): अधिकतम ₹500 का पेट्रोल।
 संकट की मुख्य वजहें:-
  1. बढ़ती खपत: पर्यटन सीजन के कारण वाहनों की संख्या में जबरदस्त इजाफा हुआ है, जिससे दैनिक मांग 12,000 लीटर से ऊपर पहुंच गई है।
  2. तकनीकी खराबी: पंप संचालकों के अनुसार, हाल ही में हुए निर्माण कार्य के बाद एक मुख्य स्टोरेज टैंक में तकनीकी दिक्कत आ गई है।
  3. सप्लाई में कमी: वर्तमान में नैनीताल को मिलने वाली तेल की खेप मांग के मुकाबले कम बताई जा रही है।
 पर्यटन और टैक्सी कारोबार पर असर:-
इस फैसले से सबसे ज्यादा मार टैक्सी चालकों और लंबी दूरी की यात्रा करने वाले पर्यटकों पर पड़ी है। टैक्सी यूनियन का कहना है कि मात्र ₹500 के पेट्रोल में पहाड़ों पर लंबी दूरी की बुकिंग पूरी करना नामुमकिन है। इसके साथ ही, स्थानीय व्यापारियों को डर है कि अगर यह संकट लंबा चला, तो इसका सीधा असर उत्तराखंड के पर्यटन अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा।
 व्यापक संदर्भ:-
यह स्थिति ऐसे समय में आई है जब उत्तराखंड सरकार ने पहले ही वैश्विक तेल संकट और बढ़ते दामों को देखते हुए राज्य में 'नो व्हीकल डे' और मंत्रियों के बेड़े में 50% की कटौती जैसे कड़े कदम उठाए हैं।

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