All India tv news। रुड़की (उत्तराखंड): उत्तराखंड में फर्जी प्रमाण पत्रों के आधार पर नौकरी और पद हासिल करने का एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। इस बार मामला हरिद्वार जिले के रुड़की क्षेत्र का है, जहां पंचायत चुनाव में कथित तौर पर फर्जी शैक्षणिक दस्तावेज लगाकर एक महिला ने ग्राम प्रधान की कुर्सी हासिल कर ली थी।
मीडिया से मिली रिपोर्ट के अनुसार उत्तराखंड में रुड़की के भगवानपुर ब्लॉक के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत खेलपुर नसरुल्लापुर की महिला ग्राम प्रधान नीलम देवी को फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र मामले में जिला मजिस्ट्रेट (DM) मयूर दीक्षित द्वारा पद से हटा दिया गया है। यह सख्त कार्रवाई गांव के ही निवासी अनिल कुमार द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत और लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद की गई है।
जांच में पुष्टि हुई है कि वर्ष 2022 के पंचायत चुनावों में नीलम देवी ने आठवीं कक्षा का फर्जी स्कूल प्रमाण पत्र जमा कर नामांकन दाखिल किया था। शिक्षा विभाग की गहन जांच में उत्तर प्रदेश (गाजीपुर/वाराणसी क्षेत्र) का वह स्कूल ही अस्तित्वहीन पाया गया, जिसके आधार पर उन्होंने चुनाव जीता था। एसडीएम और सीडीओ स्तर से खारिज होने के बाद, हाल ही में उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने भी नीलम देवी की रिट याचिका को खारिज कर बर्खास्तगी के आदेश पर मुहर लगा दी।

