All India tv news। चमोली (उत्तराखंड):
उत्तराखंड की प्रसिद्ध और सदियों पुरानी धार्मिक परंपरा मां नंदा देवी जात यात्रा 2026 अपने पूरे वैभव और श्रद्धा के साथ निरंतर आगे बढ़ रही है। आज, 14 सितम्बर 2026 को यात्रा के अंतर्गत तीनों ऐतिहासिक परगनों की पवित्र देव डोलियां अपने-अपने निर्धारित पड़ावों पर रात्रि विश्राम हेतु सुरक्षित रूप से पहुंच चुकी हैं।
समग्र रूप से श्रद्धालुओं की भारी सुरक्षा, सुविधा और यातायात प्रबंधन के बीच पुलिस बल की तैनाती में तीनों देव डोलियां निम्नलिखित स्थानों पर रुकी हैं:
- परगना दशोली की डोली: आज का रात्रि विश्राम कनोल गांव में हो रहा है।
- परगना बधाण की डोली: यह पवित्र डोली अपने तय पड़ाव फल्दियागाँव पहुंच चुकी है।
- परगना बण्ड क्षेत्र की डोली: बण्ड क्षेत्र की देव डोली भी आज रात्रि विश्राम के लिए कनोल में विराजमान हुई है।
श्रद्धा और सुरक्षा का संगम :-
पहाड़ के ऊंचे और दुर्गम रास्तों पर मां नंदा के जयकारों से पूरा वातावरण गुंजायमान है। उत्तराखंड पुलिस और स्थानीय प्रशासन के जवान डोलियों की सुरक्षा और श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए लगातार मुस्तैद हैं। मां नंदा अपने मायके (मैती) से विदा होकर कैलाश धाम (ससुराल) की ओर बढ़ रही हैं, और इस पावन विदाई यात्रा में शामिल होने के लिए देश-विदेश से भक्तों का कारवां लगातार उमड़ रहा है।
पहाड़ के ऊंचे और दुर्गम रास्तों पर मां नंदा के जयकारों से पूरा वातावरण गुंजायमान है। उत्तराखंड पुलिस और स्थानीय प्रशासन के जवान डोलियों की सुरक्षा और श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए लगातार मुस्तैद हैं। मां नंदा अपने मायके (मैती) से विदा होकर कैलाश धाम (ससुराल) की ओर बढ़ रही हैं, और इस पावन विदाई यात्रा में शामिल होने के लिए देश-विदेश से भक्तों का कारवां लगातार उमड़ रहा है।

